हल्द्वानी, नैनीताल
हल्द्वानी में शहर के फुटपाथों को अतिक्रमण से मुक्त कराने और आम नागरिकों के लिए सुरक्षित एवं सुगम पैदल मार्ग उपलब्ध कराने की मांग को लेकर एक जागरूकता जुलूस निकाला गया। इस अभियान में सामाजिक कार्यकर्ताओं, स्थानीय नागरिकों और विभिन्न वर्गों के लोगों ने भाग लेकर प्रशासन से शहर के फुटपाथों को अतिक्रमण से मुक्त कराने की मांग उठाई।
जुलूस के दौरान प्रतिभागियों ने हाथों में “जागो! शासन प्रशासन जागो!”, “हमें फुटपाथ खाली चाहिए” और “#Save Haldwani Footpaths” जैसे संदेश लिखी तख्तियां लेकर अपनी आवाज बुलंद की।
सुरक्षित फुटपाथ की उठी मांग
अभियान का मुख्य उद्देश्य हल्द्वानी शहर में पैदल चलने वाले लोगों के लिए फुटपाथों की उपलब्धता और सुरक्षा की ओर प्रशासन का ध्यान आकर्षित करना था। प्रतिभागियों का कहना था कि फुटपाथों पर अतिक्रमण होने से पैदल यात्रियों को सड़क पर चलने के लिए मजबूर होना पड़ता है, जिससे उनकी सुरक्षा प्रभावित होती है।
जुलूस के माध्यम से प्रशासन से शहर में फुटपाथों की स्थिति का संज्ञान लेने तथा आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की गई।
नागरिकों ने दिखाई एकजुटता
जुलूस में बड़ी संख्या में नागरिकों ने भाग लिया। लोगों ने नारे लगाकर और तख्तियों के माध्यम से फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त करने, पैदल यात्रियों के अधिकारों की रक्षा करने और शहर की व्यवस्था को बेहतर बनाने का संदेश दिया।
शीत मौसम के बावजूद लोगों की सक्रिय भागीदारी ने इस मुद्दे के प्रति नागरिकों की चिंता और जागरूकता को दर्शाया। कार्यक्रम में मोमबत्तियां जलाकर भी अपनी मांगों और अभियान के प्रति समर्थन व्यक्त किया गया।
प्रशासन से कार्रवाई की अपील
अभियान के माध्यम से शासन एवं प्रशासन से अपील की गई कि हल्द्वानी के फुटपाथों को अतिक्रमण से मुक्त कराने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं और पैदल चलने वाले नागरिकों के लिए सुरक्षित एवं सुगम मार्ग सुनिश्चित किए जाएं।
समाज सुधार सेवा समिति सामाजिक सरोकारों से जुड़े ऐसे मुद्दों पर नागरिक जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
अभियान के प्रमुख संदेश
- हल्द्वानी के फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त करने की मांग
- पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित मार्ग उपलब्ध कराने की अपील
- शासन एवं प्रशासन से प्रभावी कार्रवाई की मांग
- नागरिकों में अधिकारों और सार्वजनिक सुविधाओं के प्रति जागरूकता
- #SaveHaldwaniFootpaths अभियान के माध्यम से जनभागीदारी
आयोजक/सहभागी:
समाज सुधार सेवा समिति, उत्तराखंड



